Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official) Quotes
Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official)
by
Maharishi Vedvyas67 ratings, 4.55 average rating, 4 reviews
Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official) Quotes
Showing 1-2 of 2
“पन्द्रह निमेषको काष्ठा कहते हैं, तीस काष्ठाकी एक कला तथा तीस कलाका एक मुहूर्त्त होता है ।।८।। तीस मुहूर्त्तका मनुष्यका एक दिन-रात कहा जाता है और उतने ही दिन-रातका दो पक्षयुक्त एक मास होता है ।।९।। छः महीनोंका एक अयन और दक्षिणायन तथा उत्तरायण दो अयन मिलकर एक वर्ष होता है। दक्षिणायन देवताओंकी रात्रि है और उत्तरायण दिन ।।१०।। देवताओंके बारह हजार वर्षोंके सतयुग, त्रेता, द्वापर और कलियुग नामक चार युग होते हैं। उनका अलग-अलग परिमाण मैं तुम्हें सुनाता हूँ ।।११।। पुरातत्त्वके जाननेवाले सतयुग आदिका परिमाण क्रमशः चार, तीन, दो और एक हजार दिव्य वर्ष बतलाते हैं ।।१२।। प्रत्येक युगके पूर्व उतने ही सौ वर्षकी सन्ध्या बतायी जाती है और युगके पीछे उतने ही परिमाणवाले सन्ध्यांश होते हैं [अर्थात् सतयुग आदिके पूर्व क्रमशः चार, तीन, दो और एक सौ दिव्य वर्षकी सन्ध्याएँ और इतने ही वर्षके सन्ध्यांश होते हैं] ।।१३।। हे मुनिश्रेष्ठ! इन सन्ध्या और सन्ध्यांशोंके बीचका जितना काल होता है, उसे ही सतयुग आदि नामवाले युग जानना चाहिये ।।१४।। हे मुने! सतयुग, त्रेता, द्वापर और कलि ये मिलकर चतुर्युग कहलाते हैं; ऐसे हजार चतुर्युगका ब्रह्माका एक दिन होता है ।।१५।। हे ब्रह्मन्! ब्रह्माके एक दिनमें चौदह मनु होते हैं। उनका कालकृत परिमाण सुनो ।।१६।। सप्तर्षि, देवगण, इन्द्र, मनु और मनुके पुत्र राजालोग [पूर्वकल्पानुसार] एक ही कालमें रचे जाते हैं और एक ही कालमें उनका संहार किया जाता है ।।१७।।”
― Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official)
― Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official)
“मानवी वर्ष-गणनाके अनुसार मन्वन्तरका परिमाण पूरे तीस करोड़ सरसठ लाख बीस हजार वर्ष है, इससे अधिक नहीं ”
― Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official)
― Vishnu Puran Anuwad Sahit, Code 0048, Sanskrit Hindi, Gita Press Gorakhpur (Official)
