पुलिस का गुस्सा खासतौर पर बुद्धिजीवियों के खिलाफ देखा जा रहा था। दिल्ली यूनिवर्सिटी के 200 से भी ज्यादा शिक्षकों को 26 जून की सुबह होने से पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया था। उनमें से एक ओ.पी. कोहली भी थे, जो दिल्ली यूनिवर्सिटी शिक्षक संघ के अध्यक्ष थे। वे शारीरिक रूप से अक्षम थे। उन्हें पुलिस लॉकअप में 24 घंटे तक खड़ा रखा गया, जबकि पुलिसवाले उन्हें गालियाँ देते रहे और कभी जूते से पीटा तो कभी धक्का दे दिया। वे बार-बार गिर जाते थे और उन्हें बार-बार खड़ा होने पर

